- झांसी में दिया ठहराव, आगरा मंडल फिर खाली हाथ
JHANSI. उत्तर प्रदेश को एक और वंदे भारत को तोहफा मिला है. हालांकि आगरा और मथुरा होकर चलने वालीहजरत निजामुद्दीन-खजुराहो
वन्दे भारत एक्सप्रेस का ठहराव इन दोनों स्टेशन पर नहीं होगा. यह झांसी में रुकेगी. रेलवे बोर्ड से नयी ट्रेन को हरी झंडी मिल गयी है. 12 मार्च को प्रधानमन्त्री नरेन्द्र मोदी दिल्ली इसे हरी झण्डी दिखाकर रवाना करेंगे.
वन्दे भारत का जो मार्ग फाइनल हुआ है उसमें झांसी, ललितपुर, टीकमगढ़, छतरपुर होते हुए ट्रेन खजुराहो पहुंचेगी. वन्दे भारत बुन्देलखण्ड के लिये बड़ी सौगात मानी जा रही है. प्रधानमन्त्री 32 योजनाओं का वर्चुअल उद्घाटन भी 12 को करेंगे.
वन्दे भारत ट्रेन का संचालन हजरत निजामुद्दीन से खजुराहो के बीच होगा. यह वन्दे भारत हजरत निजामुद्दीन से चलकर सीधे ग्वालियर, झांसी, ललितपुर, टीकमगढ़, छतरपुर होते हुये खजुराहो पहुंचेगी. रेल प्रशासन नयी ट्रेन के संचालन की तैयारियों में जुट गया है. हालांकि आगरा व मथुरा रेलवे स्टेशनों पर पर ठहराव नहीं दिये जाने की खबर से लोगों में मायूसी भी है.
बताया जाता है रानी कमलापति- हजरत निजामुद्दीन वन्दे भारत का ठहराव आगरा में दिया है. महाशिवरात्रि के दिन सरकारी छुट्टी होने के बाद भी अधिकारी मीटिंग में लगे रहे. एक दिन पहले ही देर रात में प्रधानमन्त्री का कार्यक्रम फाइनल होने के अफसर मन्थन करने में लग गये थे.
शताब्दी से 1.4 गुणा अधिक है किराया
वंदे भारत में चेयरकार का किराया उतनी ही दूरी तय करने वाली शताब्दी ट्रेन के किराये से 1.4 गुणा अधिक है और एक्जिक्यूटिव क्लास का किराया प्रीमियम ट्रेन में वातानुकूलित प्रथम श्रेणी के किराये से 1.3 गुणा अधिक है. ट्रेन में टिकट की दो श्रेणी है. एक एक्जिक्यूटिक श्रेणी और सामान्य एसी चेयरकार.


















































































