- पूर्व रेलवे में गंदगी फैलाई तो ऑन द स्पॉट कटेगा चालान
KOLKATA. रेलवे परिसरों और स्टेशनों को चमकाने के लिए पूर्व रेलवे (Eastern Railway) ने अब तक का सबसे बड़ा और कड़ा रुख अख्तियार कर लिया है. अप्रैल महीने से शुरू हुए स्वच्छता जागरूकता के सफर को अब एक बेहद सख्त कानूनी अमलीजामा पहना दिया गया है.
पूर्व रेलवे के महाप्रबंधक (जीएम) मिलिंद देउस्कर के नेतृत्व में ‘कैप्टन क्लीन’ और ‘ईस्टर्न रेलवे इज वाचिंग यू’ अभियान के तीसरे व सबसे आक्रामक चरण (Third Phase) का शंखनाद कर दिया गया है.
हावड़ा स्टेशन से शुरू हुआ यह अभियान अब केवल नसीहत देने तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि पटरियों और स्टेशनों को गंदा करने वालों की जेब ढीली करने के लिए पूरी तरह तैयार है.
पहले सिर्फ ‘गांधीगीरी’, अब सीधे ‘ऑन द स्पॉट’ जुर्माना
इस अभियान के इतिहास पर नज़र डालें तो पूर्व रेलवे ने अप्रैल 2026 में इसके पहले चरण की शुरुआत की थी. शुरुआती दोनों चरणों में रेलवे का पूरा ध्यान ‘गांधीगीरी’ यानी यात्रियों को जागरूक करने, विज्ञापनों, और स्वच्छता की शपथ दिलाने पर था. रेल प्रशासन का उद्देश्य यात्रियों के व्यवहार में बदलाव लाना था.
लेकिन, जागरूकता के दौर को पीछे छोड़ते हुए अब तीसरे चरण में रेलवे ने ‘जीरो टॉलरेंस’ की नीति अपनाई है. नए नियमों के मुताबिक, यदि कोई भी यात्री स्टेशन परिसर, प्लेटफॉर्म या ट्रेन के भीतर कचरा फैलाते, प्लास्टिक फेंकते या जहां-तहां थूकते हुए पकड़ा गया, तो रेलवे की फ्लाइंग स्क्वाड टीम मौके पर ही भारी जुर्माना वसूलेगी. रेलवे का यह कड़ा रुख साफ संकेत देता है कि अब लापरवाही की कोई गुंजाइश नहीं बची है.
यात्री बनेंगे ‘कैप्टन क्लीन’, व्हाट्सऐप नंबर पर फोटो भेजते ही कार्रवाई
इस बार के अभियान की सबसे अनोखी और धारदार बात यह है कि रेलवे ने आम यात्रियों को ही ‘सिंघम’ बना दिया है. गंदे तत्वों पर नजर रखने के लिए रेलवे ने एक विशेष व्हाट्सऐप नंबर 9002022780 जारी किया है.
कैसे काम करेगा सिस्टम: यदि आप सफर के दौरान किसी को गंदगी फैलाते या थूकते हुए देखते हैं, तो आपको बस उस व्यक्ति की एक फोटो या छोटा सा वीडियो खींचकर इस नंबर पर लोकेशन के साथ भेजना होगा.
तुरंत एक्शन: कंट्रोल रूम इस सूचना को तुरंत नजदीकी स्टेशन के आरपीएफ (RPF) या कमर्शियल स्टाफ को फॉरवर्ड करेगा और अगली ही कड़ियों में उस गंदगी फैलाने वाले को दबोच लिया जाएगा.
मिलेगा सम्मान: जो यात्री सजग नागरिक की भूमिका निभाते हुए गंदगी की सही सूचना देंगे, उन्हें पूर्व रेलवे की ओर से ‘कैप्टन क्लीन’ की आधिकारिक उपाधि और विशेष प्रशंसा-पत्र देकर सम्मानित किया जाएगा.
| चरण (Phase) | फोकस और मुख्य रणनीति | परिणाम/नियम |
| पहला व दूसरा चरण (अप्रैल से जून) | यात्रियों में जागरूकता, लाउडस्पीकर अनाउंसमेंट, स्वच्छता शपथ। | व्यवहार में आंशिक सुधार, जागरूकता का प्रसार। |
| तीसरा चरण (वर्तमान) | ‘ईस्टर्न रेलवे इज वाचिंग यू’ – सख्त चेकिंग और कानूनी कार्रवाई। | ऑन द स्पॉट जुर्माना और अपराधियों की धरपकड़। |
| जनभागीदारी टूल | व्हाट्सऐप हेल्पलाइन नंबर : 9002022780 | शिकायतकर्ता यात्री को ‘कैप्टन क्लीन’ का सम्मान। |
पूर्व रेलवे का यह हाइब्रिड मॉडल, जिसमें डिजिटल निगरानी और पब्लिक की ताकत को एक साथ मिला दिया गया है, स्टेशनों की सूरत बदलने में गेमचेंजर साबित हो सकता है. अब देखना यह है कि जुर्माने के डर और ‘कैप्टन क्लीन’ बनने के चाव में भारतीय रेलवे की पटरियां कितनी चमकदार रह पाती हैं.
- पूर्व रेलवे का ‘कैप्टन क्लीन’ अभियान, थूकने या कचरा फेंकने पर अब ‘ऑन द स्पॉट’ जुर्माना! - July 4, 2026
- ग्लोबल फ्यूल क्राइसिस की मार : भारतीय रेलवे ने डीजल इंजनों पर बढ़ाया ‘टैक्स’, कारोबारी जगत में खलबली! - July 4, 2026
- TATANAGAR : बागबेड़ा वायरलेस मैदान में गंदगी, अंधेरा और नशेड़ियों का डेरा! उपमुखिया बने जनता की आवाज - July 3, 2026






















































































