- रेलवे बोर्ड तक मचा कोहराम, RPF के क्रियता की खुली पोल, भागे-भागे पहुंचे ASC/ROU
- आरपीएफ ASC/ROU ने बीते दिनों सुरक्षा दावा करते हुए रेलवे बोर्ड को भेजी थी रिपोर्ट
JHARSUGUDA. झारसुगुड़ा स्टेशन से लेकर रेलवे क्षेत्र में आरपीएफ की गलतबयानी के बीच चोरों की धमाचौकड़ी तेज है. आरपीएफ के सहायक कमांडेंट एमके खान एक ओर दावा करते है कि उनके क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था दुरुस्त है और सब कुछ ठीक चल रहा है, लेकिन उसके विपरीत रेल पटरी चोरी की वारदात के बाद गुरुवार को एक बड़ी घटना ने चक्रधरपुर डिवीजनसे लेकर रेलवे बोर्ड तक तक झारसुगुड़ा आरपीएफ के सक्रियता की पोल खोलकर रख दी है. गुरुवार को रवाना होने वाली झारसुगुड़ा-गोंदिया पैसेजर के केबुल से लेकर पाइप तक चोर काट ले गये और RPF को भनक तक नहीं लगी. इसके बाद झारसुगुड़ा से रवाना होने वाली गोंदिया पैसेंजर को रद्द करना पड़ा.
झारसुगुड़ा में ट्रेन के केबुल और पाइप की चोरी की खबर चक्रधरपुर डिवीजन से लेकर रेलवे बोर्ड तक पहुंच चुकी है. भारी दबाव के बीच आरपीएफ ने कुछ लोगों की धर-पकड़ कर मामले को दबाने का प्रयास किया लेकिन सूत्रों का कहना है कि चोरी के इस मामले को दबाने के लिए जो गिरफ्तारी दिखायी जा रही है उसके पीछे का सच कुछ और है. बीते माह भी झारसुगुड़ा में चोरों ने 10 पीस से अधिक रेलवे ट्रैक उड़ा लिया था. तब आरपीएफ ने नाक बचाने के लिए पीडब्ल्यूआई से मिलकर मामले को ही रफा-दफा करा दिया, यानि मामले की रिपोर्ट ही नहीं ली.
झारसुगुड़ा-गोंदिया पैसेजर से केबुल चोरी और ट्रेन रद्द करने से उत्पन्न परिस्थिति ने आरपीएफ की सुरक्षा को सवालों के घेरे में खड़ा कर दिया है. बताया जाता है कि फिलहाल आरपीएफ प्रभारी योगेंद्र कुमार छुट्टी पर है और प्रभार में सब इंस्पेक्टर कल्याणी हैं. चोरी की सूचना मिलते ही राउरकेला से आरपीएफ के सहायक कमांडेंट एमके खान और राजगांगपुर से रेल थाना प्रभारी मौके पर पहुंचे और मामले की जांच की. चोरों को पकड़ने के लिए लगातार आरपीएफ की टीम छापेमारी कर रही है लेकिन अब तक सफलता नहीं मिली है.
सुरक्षा के नाम पर स्पेशल की फौज, रात्रि गश्त के नाम पर TA की निकासी
झारसुगुड़ा में आरपीएफ प्रभारी योगेंद्र कुमार ने स्पेशल के नाम पर आधा दर्जन से अधिक लोगों को जनरल शिफ्ट में लगा रखा है जबकि रात्रि गश्त के नाम पर कार्यालय कर्मचारियों की ड्यूटी दिखाकर TA की निकासी की जा रही है. अब सवाल यह उठता है कि जब सुरक्षा इतनी चौक-चौबंद है और दर्जनों की संख्या में लोग गश्त कर है तो चोरों ने यात्री ट्रेन को कैसे निशाना बना लिया ? हकीकत में बताया जाता है कि स्पेशल के रूप में जनरल शिफ्ट में ड्यूटी करने वालों की कुंडली खंगाली जाये तो काफी दिलचस्प कहानी सामने आयेगी. इनमें एक तो टाटानगर में ज्वेलर्स से बड़ी वसूली में आरोपी रह चुका है बावजूद उसे आरपीएफ प्रभारी योगेंद्र कुमार ने स्पेशल बनाकर रखा है.



















































































