Connect with us

Hi, what are you looking for?

Rail Hunt

जोन/बोर्ड/डिवीजन

ट्रेनों में गंदे-बदबूदार कंबल से मिलेगी निजाद, अब कंबल के साथ मिलेगा प्रिंटेड कवर, रेलमंत्री ने जयपुर से पायलट प्रोजेक्ट की शुरुआत की

JAIPUR. रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने खातीपुरा रेलवे स्टेशन से ट्रेन में प्रिंटेड कंबल कवर देने की शुरुआत की. यह सुविधा पहली बार जयपुर-असारवा एक्सप्रेस में 11 वातानुकूलित श्रेणी के डिब्बों में प्रिंटेड कंबल कवर की शुरूआत की गई है. इसके साथ ही रेलमंत्री ने 65 रेलवे स्टेशनों पर यात्री सुविधाओं का यही से लोकार्पण किया. रेल मंत्री ने कहा कि पायलट प्रोजेक्ट के तहत योजना की शुरू की गयी है प्रिंटेड कंबल कर पर जो डिजाइन है वह भी जयपुर की सांगानेरी प्रिंट है. रेलमंत्री ने माना कि यात्री ट्रेनों में मिलने वाले कंबल को साफ नहीं होने के संशय  में रहते थे, अब कवर लगाकर कंबल लोग ओढ़ सकेंगे.

रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने कहा कि पायलट प्रोजेक्ट में कंबल कवर की शुरुआत हुई है और इसकी सफलता के बाद दूसरी ट्रेनों में इसे शुरू किया जाएगा. कंबल सिलेक्ट करने में इसकी लाइफ और आसान वॉशिंग का भी ध्यान रखा गया है. रेलमंत्री ने इस मौके पर मीडिया से बातचीत में कहा कि राजस्थान के  जयपुर, गांधीनगर, खातीपुरा समेत सभी रेलवे स्टेशनों पर डेवलपमेंट वर्क चल रहा है. नए स्टेशन बनाना, नई पटरिया बिछाना, विद्युतीकरण करने के साथ ही यात्री सुविधाओं का विशेष ध्यान रखा जा रहा है.

इस मौके पर जयपुर शहर सांसद मंजू शर्मा, राज्यसभा सांसद घनश्याम तिवाडी, बगरू विधायक कैलाश वर्मा, उत्तर पश्चिम रेलवे के महाप्रबंधक अमिताभ समेत रेलवे के अधिकारी कर्मचारी मौजूद रहे.

77 रेलवे स्टेशनों पर लगभग 4000 करोड़ रुपए होंगे खर्च 

उत्तर पश्चिम रेलवे के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी शशि किरण ने बताया कि उत्तर पश्चिम रेलवे पर 77 रेलवे स्टेशनों पर लगभग 4000 करोड़ रुपए की लागत से अमृत भारत स्टेशन योजना के अंतर्गत पुर्नविकास कार्य किया जा रहे है. पांच रेलवे स्टेशनों का पुर्नविकास कर आमजन के लिए उपलब्ध करवा दिए गए है. दुर्धरा क्षेत्र में स्थित स्टेशनों पर यात्री सुविधाएं देने के लिए अनेक कार्य किया जा रहे हैं. उत्तर पश्चिम रेलवे के 65 छोटे और मध्यम स्टेशनों पर नए प्लेटफार्म समेत कई सुविधाओं का विस्तार किया गया है. कोच और ट्रेन इंडिकेशन बोर्ड की शुरुआत की गई है.

इन स्टेशनों का भी होग विकास 

उत्तर पश्चिम रेलवे के अजमेर मण्डल के 3 स्टेशन (करजोड़ा, गकरेड़ा और पीपलाज स्टेशन), बीकानेर मण्डल के 14 स्टेशन (नाथवाणा, बिग्गा, बनीसर, नोहर, केसरीसिंहपुर, गजसिंहपुर, सुधराना, सरूपसर, भगवानसर, पृथ्वीराजपुर, संगत, जामसर, जाखोद खेडा और सुचान कोटली स्टेशन), जयपुर मण्डल के 2 स्टेशन (भेसलाना और चाकसू स्टेशन) एवं जोधपुर मण्डल के 22 स्टेशन (ढुंदाडा, गुढ़ा, गोविन्दी मारवाड़, भीमरलाई, पारलू, कवास, जसाई, बनिया सांडा धोरा, मारवाड़ छापरी, बदवासी, श्री बालाजी, सालावास, हरलाया, शैतानसिंह नगर, मारवाड़ बीटड़ी, तालछापर, गागरिया, पीपाड़ सिटी, रामसर, बड़ी खाटू, छोटी खाटू, उदरामसर स्टेशन) पर नए प्लेटफॉर्म, प्लेटफॉर्म उन्नयन और विस्तार के कार्य किए गए हैं.

Spread the love

अभी अभी

You May Also Like

न्यूज हंट

इमरजेंसी आरक्षण कोटा आवंटन में चल रहे गोलमाल की भी जांच कर रही है सीबीआई ठेकेदार से बकाया 8.50 लाख का लंबित बिल क्लीयर...

आरपीएफ-जीआरपी

दक्षिण पूर्व रेलवे मेंस यूनियन के भोजूडीह ब्रांच का वर्किंग प्रेसिडेंट है रविंद्र कुमार  DHANBAD. सीबीआइ की टीम ने भोजूडीह रेलवे जंक्शन के बंगलोपाड़ा...

जोन/बोर्ड/डिवीजन

नये ज्वाइन टेक्नीशियन में ड्रॉपआउट रेट अधिक, वर्क प्रेशर-मेंटल स्ट्रेस से निपटने में आ रही मुश्किलें  50 परसेंट नए जॉइन करने वाले कुछ माह...

जोन/बोर्ड/डिवीजन

NEW DELHI. रेलमंत्री अश्विनी वैष्णव ने 52 हफ्तों में 52 सुधारों की घोषणा की थी, लेकिन कई जोन से लेकर डिवीजन तक यह मजाक बनकर...