बंडामुंडा. रेल खंड पर चल रहे चौथा रेल लाइन का निर्माण कार्य से जुड़े रेलवे ठेकेदार द्वारा कपाटमुंडा पंचायत क्षेत्र के सारना पूजा स्थल से निकट एक क्रशर निर्माण कार्य को आज आदिवासी ग्रामीणों ने रोक दिया है. सैकड़ों की संख्या में आदिवासी ग्रामीण एकजुट होकर कार्यस्थल पर बैठ गये हैं.
ग्रामीणों की माने तो एक दिन पहले ही एनसीएसटी कोर्ट ने रेलवे विभाग समेत ओड़िशा प्रदेश सरकार को निर्देश जारी किए है कि कपाटमुंडा पंचायत क्षेत्र के डिस्प्लेस आदिवासी ग्रामीणों को उनका हक 45 दिनों के अंदर दी जानी चाहिए. ऐसे में एनसीएसटी कोर्ट के निर्देश के बाद रेलवे विभाग ने आदिवासियों को उनके हक देने के बजाए उल्टा आदिवासियों के जमीन पर चल रहे निर्माण कार्य के गति को पहले से ज्यादा तेज कर दिया है. रेलवे प्रशासन की इस हरकत का आदिवासी ग्रामीणों ने विरोध जताते हुए निर्माण कार्यस्थल पर धरना पर बैठ गए है.
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