MUMBAI. केंद्रीय जांच ब्यूरो (#CBI) ने मुख्य कार्यालय अधीक्षक (चीफ ओएस), डीआरएम कार्यालय, पश्चिम रेलवे, मुंबई सेंट्रल डिवीजन संजय वाघेला को एक कंपनी प्रतिनिधि से 50 हजार रुपये की रिश्वत लेने के आरोप में गिरफ्तार किया है. बिल पास करने के एवज में रिश्वत मांगने की शिकायत सीबीआई में दर्ज करायी गयी थी. इसके बाद सीबीआई ने यह कार्रवाई की.

आरोपी संजय वाघेला
शिकायतकर्ता ने आरोप लगाया था कि उनकी कंपनी पश्चिम रेलवे की नियमित आपूर्तिकर्ता है और भुगतान के लिए पश्चिम रेलवे को सामग्री की आपूर्ति के बदले बिल जमा करती थी. शिकायतकर्ता का कहना था कि कंपनी के बिलों को वह भुगतान के लिए वह पश्चिम रेलवे के लेखा विभाग से संपर्क में था. कंपनी ने सामग्रियों की आपूर्ति के एवज में ₹4.80 करोड़ के तीन बिल जमा किए थे.
शिकायत में आरोप लगाया गया था कि डीआरएम कार्यालय, मुंबई सेंट्रल में सीनियर डीईएन/समन्वय के अंतर्गत काम करने वाले लेखा अनुभाग में बिल प्रोसेसिंग के लिए मुख्य कार्यालय अधीक्षक से संपर्क किया, तब आरोपी संजय वाघेला ने कुल बिल राशि के प्रति एक लाख पर ₹100/- शिकायतकर्ता से रिश्वत की मांग की. यह ₹4.80 करोड़ की कुल बिल राशि पर लगभग 50,000 रुपये बनती थी.
कंपनी प्रतिनिधि की शिकायत मिलने पर सीबीआई ने जाल बिछाकर आरोपी संजय वाघेला को डीआरएम कार्यालय, मुंबई सेंट्रल में उसके कार्यालय में ही 50 हजार रुपये नकद रिश्वत लेते धर दबोचा. आरोपी के परिसरों में दो स्थानों पर तलाशी ली गई, जिससे आपत्तिजनक दस्तावेज आदि बरामद हुए.
- मुरैना में ‘आग की अफवाह’ ने ली 4 की जान, उदयपुर इंटरसिटी से कूदे यात्री, पातालकोट एक्सप्रेस की चपेट में आए - June 14, 2026
- Sonpur Division : दस्तावेज सत्यापन के नाम पर हो रहा रेलकर्मियों का उत्पीड़न !, DRM से गुहार - June 11, 2026
- रेत से इंटरनेट तक 3500 वर्षों की ‘कांच-यात्रा’ और अमेरिका का अद्भुत ‘कॉर्निंग म्यूज़ियम ऑफ़ ग्लास’ - June 10, 2026


















































































