KHARAGPUR. दक्षिण पूर्व रेलवे के 70वें विशिष्ट रेल सेवा एवं रेल सेवा पुरस्कार (महाप्रबंधक स्तर) समारोह में इस बार खड़गपुर कारखाने के लिए तालियां जमकर गूंजीं. महाप्रबंधक अनिल कुमार मिश्रा ने विजेताओं काे पुरस्कृत किया. इस बार बेस्ट वर्कशॉप (रोलिंग स्टॉक) शील्ड” वर्ष 2025 का पुरस्कार भी खड़गपुर कारखाने के हिस्से में आया.

रेलवे बोर्ड द्वारा निर्धारित 60 लोकोमोटिव पीओएच का लक्ष्य यहां शत-प्रतिशत पूरा किया गया है. लोकोमोटिव में एसी सुविधा की स्थापना के अलावा फॉग सेफ डिवाइस जैसे तकनीकी का इस्तेमाल इसमें शामिल है. मुख्य कार्य प्रबंधक रामप्रसाद बैन ने जीएम से यह पुरस्कार किया. इस मौके पर उप मुख्य बिजली इंजीनियर (ईआरएस/पीओएच) बाबुल बर्मन ने कहा कि यह सम्मान केवल एक ट्रॉफी नहीं, बल्कि उस टीम भावना का प्रतीक है जिसने कार्यशाला को उत्कृष्टता के शिखर तक पहुंचाया.
इन्हें मिले व्यक्तिगत उत्कृष्टता पुरस्कार
अंतरा बनर्जी (तकनीशियन ग्रेड-I) — रेल सेवा पुरस्कार 2024
उषाशी गुप्ता (सीनियर तकनीशियन) — रेल सेवा पुरस्कार 2024
गौरी शंकर घोष (सीनियर सेक्शन इंजीनियर) — रेल सेवा पुरस्कार 2024
प्रकाश रंजन (तकनीशियन ग्रेड-I) — रेल सेवा पुरस्कार 2025
प्रिया भारती (सीनियर स्टेनोग्राफर) — रेल सेवा पुरस्कार 2025
खड़गपुर कारखाना को मिले सम्मान पर दक्षिण पूर्व रेलवे मजदूर संघ के उपाध्यक्ष मनीष चंद्र झा ने कहा कि यह सम्मान कर्मचारियों की मेहनत की सच्ची पहचान है. इससे उनका मनोबल बढ़ेगा और राष्ट्र सेवा में नई ऊर्जा मिलेगी. कहा कि समर्पण, तकनीक और टीमवर्क का ही असर है कि कार्यशाला ने भी इतिहास रच दिया. उन्होंने कहा कि खड़गपुर कारखाने ने साबित कर दिया कि रेल की पटरियों पर दौड़ती ताकत के पीछे अनगिनत मेहनती हाथ और जागरूक दिमाग होते हैं.




















































































