Close Menu
    • होम
    • रेलहंट स्पेशल
    • रेल न्यूज
    • बोर्ड/जोन
      • सर्कुलर / आर्डर
      • रेलवे की निविदा
    • रेल यूनियन
    • रेल यात्री
    • आरपीएफ-जीआरपी
    • गपशप
      • साक्षात्कार
    • अभिमत
    • मीडिया
      • सोशल मीडिया
      • समाज-संस्कृति
    • संपर्क
    Facebook X (Twitter) Instagram Threads YouTube Telegram
    Wednesday, November 4
    Facebook X (Twitter) Instagram YouTube Telegram
    Rail HuntRail Hunt
    Subscribe
    • होम
    • रेलहंट स्पेशल
    • रेल न्यूज
    • बोर्ड/जोन
      • सर्कुलर / आर्डर
      • रेलवे की निविदा
    • रेल यूनियन
    • रेल यात्री
    • आरपीएफ-जीआरपी
    • गपशप
      • साक्षात्कार
    • अभिमत
    • मीडिया
      • सोशल मीडिया
      • समाज-संस्कृति
    • संपर्क
    Rail HuntRail Hunt
    • होम
    • रेलहंट स्पेशल
    • रेल न्यूज
    • बोर्ड/जोन
    • रेल यूनियन
    • रेल यात्री
    • आरपीएफ-जीआरपी
    • अभिमत
    • गपशप
    • मीडिया
    • समाज-संस्कृति
    Home » 29 साल की नौकरी, 17 किमी की ड्राइविंग! जानिए ECR के उस ‘सुल्तान’ की कहानी जो बिना ट्रेन चलाए बना ‘चीफ गुरुजी’
    रेलहंट स्पेशल

    29 साल की नौकरी, 17 किमी की ड्राइविंग! जानिए ECR के उस ‘सुल्तान’ की कहानी जो बिना ट्रेन चलाए बना ‘चीफ गुरुजी’

    Dr PramodBy Dr PramodSeptember 21, 2026
    Share Facebook Twitter Telegram WhatsApp Copy Link
    सांकेतिक तस्वीर AI
    Share
    Facebook Twitter WhatsApp Telegram Copy Link

    DDU DIVISION. भारतीय रेलवे में जब कोई लोको पायलट (ट्रेन ड्राइवर) भर्ती होता है, तो उसकी ज़िंदगी धूप-धूल, लाल-हरी बत्तियों के तनाव और पटरियों के बीच ही बीतती है. लेकिन पूर्व मध्य रेलवे (ECR) के पंडित दीनदयाल उपाध्याय (DDU) मंडल में एक ऐसा अजूबा देखने को मिला है, जिसकी दास्तान सुनकर खुद रेलवे बोर्ड भी माथा पकड़ ले!

    यहां बात हो रही है वर्ष 1997 में भर्ती हुए लोको पायलट एस. डी. शर्मा की. इन्होंने अपनी 29 साल की लंबी सरकारी नौकरी में कुल जमा 17 किलोमीटर ही ट्रेन चलाई है! यानी बिना पटरी पर पसीना बहाए पूरी सल्तनत खड़ी कर ली. यह तो एक बानगी है जो डीडीयू में रेलवे के सिस्टम की जमीनी हकीकत को बयां करती है, अब अगर जांच हो तो ऐसे कितने गुरु जी सामने आयेंगे यह तो देखने वाली बात होगी.

    बिना अनुभव कैसे बने ‘मुख्य अनुदेशक’?

    68,000 रुपये से अधिक की बेसिक सैलरी पाने वाले शर्मा जी को लेकर सबसे बड़ा सवाल यह है कि बिना किसी ठोस वास्तविक परिचालन अनुभव के वे आखिर नए लोको पायलटों के “गुरुजी” कैसे बन गए?

    बताया जा रहा है कि उच्च अधिकारियों की असीम और अंधभक्त कृपा के चलते क्रू मैनेजमेंट सिस्टम (CMS) की रिपोर्ट ठंडे बस्ते में डाल दी गई. नतीजतन, शर्मा जी को ETTC/DDU (इलेक्ट्रिक ट्रैक्शन ट्रेनिंग सेंटर) का मुख्य अनुदेशक (Chief Instructor) बना दिया गया. यानी जिसने खुद कभी ठीक से इंजन नहीं संभाला, वह अब नए नवेले ड्राइवरों को ट्रेन चलाने की बारीकियां सिखा रहा है.

    असली ड्यूटी: साहिबों की खातिरदारी और बनारस की सैर!

    आरोप है कि ट्रैक से दूर रहने वाले शर्मा जी का असली हुनर पटरियों के बाहर काम आता है. मंडल में आने वाले बड़े अफसरों की आवभगत करना, बनारस के घाटों और आसपास के पर्यटन स्थलों का वीआईपी भ्रमण करवाना और साहबों को ‘गिफ्ट्स’ से खुश रखना ही इनकी 24 घंटे की मुख्य ड्यूटी रही है. इसी जी-हुज़ूरी का इनाम इन्हें घर बैठे रनिंग अलाउंस (Running Allowance) और तमाम सरकारी सुविधाओं के रूप में मिल रहा है.

    कागज़ों पर ‘मिस्टर इंडिया’ और गर्ल्स हॉस्टल में अवैध डेरा!

    नियमों की धज्जियाँ उड़ाते हुए CMS में आज तक इनका फोटो और सही पता अपडेट नहीं है. इनका ‘कॉल सर्व एड्रेस’ छत्तीसगढ़ का दर्ज है. हद तो तब हो जाती है जब शर्मा जी हर महीने सरकारी खजाने से आवास भत्ता (HRA) भी ले रहे हैं और दूसरी तरफ ETTC/DDU के गर्ल्स हॉस्टल के एक रेक रूम पर अवैध रूप से कब्जा जमाए बैठे हैं, जहाँ हॉस्टल की मेस से तीनों टाइम का शाही खाना उड़ रहा है.

    लड़कियों के हॉस्टल में सालों से एक पुरुष कर्मचारी का इस तरह डटे रहना और हाजीपुर (HJP) मुख्यालय से लेकर DRM तक की चुप्पी, पूरे रेल प्रशासन की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े करती है. देखना होगा कि इस खुलासे के बाद रेलवे विजिलेंस नींद से जागती है या यह ‘सुल्तान’ यूँ ही अपनी तानाशाही चलाता रहेगा!

    रेलहंट का प्रयास है कि सच रेल प्रशासन के सामने आये. ऐसे में अगर किसी को यह लगता है उसकी बात नहीं सुनी जा रही है तो वह अपना पक्ष whatsapp 9905460502 पर भेज सकते है, उस पर तत्परता से संज्ञान लिया जायेगा. 

    DDU Division ECR ETTC DDU Indian Railways Controversy loco pilot Pandit Deen Dayal Upadhyaya Division RAILWAY NEWS SD Sharma
    Share. Facebook Twitter Email Telegram WhatsApp Threads Copy Link
    Previous ArticleJHANSI: UMRKS का संयुक्त मण्डलीय अधिवेशन आयोजित, सतीश गुप्ता झांसी मंडल अध्यक्ष व संजीव वर्मा बने कारखाना मंडल अध्यक्ष
    Next Article बालीचक फ्लाईओवर: निर्माण में आयी बाधा, गर्डर लगते ही टूटा बेयरिंग, काम रुका-उम्मीदें कायम
    Dr Pramod
    • Website
    • Facebook
    • X (Twitter)

    पत्रकारिता में 30 साल का अनुभव, प्रिंट और डिजिटल में सक्रियता, खबरों को तार्किक दृष्टिकोण से देखने के साथ सामाजिक सरोकारों से जुड़ाव, रेलवे के तकनीकी, प्रशासनिक और यात्री-हितों से जुड़े मामलों पर पैनी नजर के साथ खबरों व घटनाक्रमों का गहन विश्लेषण करने में विशेष रुचि

    Related Posts

    रेलहंट स्पेशल

    आगरा AOM आत्महत्या मामले में निशाने पर आये SR DOM, रेलवे बोर्ड लेगा एक्शन!, जाने क्या है प्रताड़ना से ‘VRS’ तक की कहानी

    November 4, 2026
    रेलहंट स्पेशल

    आगरा DRM ऑफिस में संदिग्ध हालत में मिला AOM का शव, परिवार ने लगाया मानसिक प्रताड़ना के आरोप

    November 2, 2026
    रेलहंट स्पेशल

    CKP DIVISION: रेलवे लीज जमीन अतिक्रमण के विवादों में घिरे IOW/LAND उपेंद्र कुमार सिंह हटाए गए, MDDTI भेजे गए, अशोक कुमार होंगे नये SSE

    November 1, 2026
    Latest Posts

    आगरा AOM आत्महत्या मामले में निशाने पर आये SR DOM, रेलवे बोर्ड लेगा एक्शन!, जाने क्या है प्रताड़ना से ‘VRS’ तक की कहानी

    November 4, 2026

    RPF के नये DG ने संभाली कमान, दानापुर इंस्पेक्टर प्रदीप बरनवाल पर गिरी गाज, IPF संजीव कुमार को प्रभार

    November 3, 2026

    JHANSI DIVITION में मान्यता प्राप्त यूनियनों की तानाशाही या अवैध वसूली! चंदा कटौती पर रेलकर्मियों का फूटा गुस्सा

    November 3, 2026

    भारतीय रेलवे मजदूर संघ (BRMS) ने लॉन्च की मासिक ई-पत्रिका, संगठन संवाद और कर्मचारी हितों को मिलेगी नई मजबूती

    November 2, 2026

    आगरा DRM ऑफिस में संदिग्ध हालत में मिला AOM का शव, परिवार ने लगाया मानसिक प्रताड़ना के आरोप

    November 2, 2026

    CKP DIVISION: रेलवे लीज जमीन अतिक्रमण के विवादों में घिरे IOW/LAND उपेंद्र कुमार सिंह हटाए गए, MDDTI भेजे गए, अशोक कुमार होंगे नये SSE

    November 1, 2026

    रेलवे कर्मचारी और पेंशनर्स अब राजधानी-शताब्दी में एक श्रेणी से ऊपर कर सकेंगे यात्रा, देना होगा ‘डिफरेंस ऑफ फेयर’

    October 31, 2026

    देश की दूसरी वंदे भारत स्लीपर काे आज रवाना करेंगे पीएम मोदी, वाराणसी से दिल्ली तक महिला क्रू-सदस्यों के हाथों में होगी कमान

    October 31, 2026

    डेढ़ साल बाद भी ज्यादातर लोकोमोटिव्स में नहीं लग सका FSD और टूल बॉक्स, लोको पायलटों का संघर्ष जारी

    October 31, 2026

    ₹69,000 न्यूनतम वेतन, 8वें वेतन आयोग से बड़ी उम्मीद या सिर्फ कागजी छलावा! रेलकर्मी उठा रहे सवाल

    October 31, 2026
    Facebook X (Twitter) Instagram YouTube Telegram
    • About Us
    • Advertisement
    • Write for Us
    • Editorial Policy
    • Privacy
    • Cookies Policy
    • Contact Us
    © 2026 ThemeSphere. Designed by ThemeSphere.

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.

    Join Railhunt Group